S A H I T Y A S A N S A R
Monday, February 20, 2023
फूलों की खुशबू में खोजा था प्रेम
फूलों की खुशबू में खोजा था प्रेम इत्र की खूशबू बिखरती गई महकता प्रेम हवा के रुख से फुदकता रहा धरती पर लोग प्रेम ढूंँढते रहे आज भी प्रेम गुफाओं में गुप्त है @वसुंधरा मिश्र, 14.2.23
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